कुलभूषण जाधव अपने परिवार का नहीं पूरे भारत का बेटा, हर कीमत पर बचाएंगे: सुषमा स्वराज

0
478

नई दिल्ली: पाकिस्तान में मौत की सजा पाए हुए कुलभूषण जाधव का मुद्दा जोर शोर से उठाया गया इस मसले पर कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, “सरकार को जाधव को बचाना चाहिए।” इस पर गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, “जाधव के पास वैलिड वीजा था, ऐसे में वो भारत का जासूस कैसे हो सकता है। कुलभूषण जाधव को सरकार बचाने के हरसंभव प्रयास करेगी ।” गैरतलब है कि सोमवार को पाक के आर्मी कोर्ट ने भारत के पूर्व नौ सेना अधिकारी जाधव को फांसी की सजा सुनाई थी। इस पर भारत सरकार ने पाक के हाईकमिश्नर को तलब किया था, साथ ही कहा था पाक की इस कार्रवाई को सोचा-समझा मर्डर माना जाएगा। इस बीच महाराष्ट्र के नागपुर में जाधव के समर्थन में प्रदर्शन हुए।

कश्मीर के मुद्दे पर भी होगी चर्चा…
– न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार , कांग्रेस संसद में कश्मीर में अशांति का मुद्दा उठा सकती है।
– जबकी विदेश मंत्रालय ने कहा कि इस्लामाबाद स्थित भारतीय हाईकमीशन को जाधव के कोर्ट में ट्रायल को लेकर पाक की तरफ से कोई जानकारी नहीं दी गई।
कुलभूषण जाधव का क्या है मामला?
– पाकिस्तान की आर्मी ने वहां की जेल में बंद भारतीय अधिकारी कुलभूषण जाधव को फांसी की सजा सुनाई है। पाक ने आरोप लगाया था कि जाधव भारतीय जासूस है।
– ISPR के अफसर मेजर जनरल आसिफ गफूर ने ट्विटर पर बताया कि पाकिस्तान आर्मी एक्ट के तहत जाधव का फील्ड जनरल कोर्ट मार्शल (FGCM) किया गया और फांसी की सजा सुनाई गई।
– दूसरी ओर, भारत ने पाकिस्तान के हाई कमिश्नर अब्दुल बासित को तलब किया। उन्हें डिमार्शे (डिप्लोमैटिक डिमांड लेटर) सौंपा। इसमें कहा गया- अगर सजा पर अमल होता है तो ये कानून के बुनियादी नियमों के खिलाफ होगा। इसे सोचा-समझा मर्डर कहा जाएगा।
– डिमार्शे में आगे कहा गया- ये ध्यान रखा जाना चाहिए कि पाकिस्तान में इंडियन हाई कमीशन को ये बताने की जरूरत भी नहीं समझी गई कि कुलभूषण पर केस चल रहा है। भारत के लोग और सरकार इसे सोचा-समझा मर्डर मानेंगे।
– इस बीच, भारत सरकार ने पाकिस्तान के 11 कैदियों की बुधवार को होने वाली रिहाई टाल दी है।
– एमनेस्टी इंटरनेशनल ने पाकिस्तान के इस फैसले पर तल्ख टिप्पणी की। कहा- पाकिस्तान के मिलिट्री कोर्ट में आरोपी के खिलाफ क्या आरोप लगाए जाते हैं या सबूत पेश किए जाते हैं, इनको कभी पब्लिक नहीं किया जाता।
– पाकिस्तानी सेना के कानून के तहत आए इस फैसले पर 90 दिनों के भीतर अमल होना तय है। पाक आर्मी चीफ बाजवा इसे मंजूरी दे चुके हैं। ऐसे में, इसके खिलाफ अपील की कोई गुंजाइश नहीं रहती। जाधव को फांसी की सजा से बचाना मुश्किल होगा।
जो वीडियो दिखाई गई उसमें 105 कट…
– जाधव के कथित कबूलनामे का एक वीडियो भी पाकिस्तान ने जारी किया था। मीडिया ने जब इस 6 मिनट (358 सेकंड) के वीडियो की पड़ताल की तो उसमें 105 कट नजर आए।
– कबूलनामे को देखकर ऐसा लग रहा था कि जाधव टेलीप्रॉम्प्टर पर बयान पढ़ रहे हों। पाक मामलों के जानकार कमर आगा ने मीडिया को बताया, ”शक है कि कुलभूषण को टाॅर्चर करके या फिर ड्रग्स देकर कुछ भी कहलवाया गया और वीडियो बनाया गया।”
– एक और जानकार  कर्नल यूएस राठौर कहते हैं कि पाक मिलिट्री कोर्ट की कार्यवाही के दौरान इतना टॉर्चर किया जाता है कि वहां 90% लोग अपने गुनाह कबूल कर लेते हैं।